Aarambh Institute

रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की मजबूती के लिए सरकार का और एक कदम

Share with friends
  • रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता वाली रक्षा खरीद परिषद (DAC) ने सशस्त्र सेनाओं की क्षमता बढ़ाने तथा उनके आधुनिकीकरण के लिए करीब 1.45 लाख करोड़ के 10 रक्षा सौदों की खरीद की स्वीकृति दी गयी है।
  • इन रक्षा सौदों में भारतीय नौसेना के लिए सात हाईटेक युद्धपोतों का निर्माण, माडर्न फ्यूचर रेडी काम्बैट व्हीकल्स (FRCV) (सेना की टैंक फ्लीट के पुराने टी-72 टैंकों को से बदलने हेतु), गश्ती विमानों एवं एयर डिफेंस फायर कंट्रोल रडार, फारवर्ड रिपेयर टीम (ट्रैक्ड) इत्यादि शामिल हैं।
  • FRCV भविष्य के मुख्य युद्धक टैंक होंगे, जिनमें बेहतर मोबिलिटी, सभी तरह के भौगोलिक क्षेत्र में संचालन की क्षमता, कई लेयर की सुरक्षा, सटीक और विनाशक मारक क्षमता होगी।
  • एयर डिफेंस फायर कंट्रोल रडार हवा में लक्ष्यों की पहचान करके उन्हें ट्रैक करेंगे और फायरिंग के लिए समाधान भी उपलब्ध कराएंगे।
  • फारवर्ड रिपेयर टीम (ट्रैक्ड) में प्राकृतिक वातावरण में ही मरम्मत करने के लिए मोबिलिटी है। इसे आर्मर्ड व्हीकल्स निगम लिमिटेड द्वारा डिजाइन और विकसित किया गया है।
  • इन रक्षा उपकरणों की कुल लागत का 99 प्रतिशत हिस्सा देश में ही डिजाइन, विकसित और निर्मित श्रेणी का होगा।
  • इन रक्षा खरीदों से न केवल दुर्गम स्थानों पर पहुंचा जा सकेगा, बल्कि सैन्य बलों की मारक क्षमता भी अचूक होगी। यही नहीं, टोही क्षमता, खोज एवं बचाव एवं आपदा राहत अभियानों में भी काफी मदद मिलेगी।
Scroll to Top